MP News: खरगोन में लोकायुक्त की बड़ी कार्रवाई करते हुए, 7 हजार की रिश्वत लेते रंगे हाथ पकड़ा गया ASI
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| Lokayukta police arrest ASI (source Liveupdate24India) |
मध्यप्रदेश के खरगोन जिले से भ्रष्टाचार को लेकर बड़ी खबर निकलकर सामने आई है इंदौर के लोकयुक्त को पुलिस टीम ने बड़ी कार्यवाही करते हुए एक सहायक उप निरीक्षक,(ASI) को 7 हजार की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ पकड़ा था और उनको गिरफ्तार कर लिया गया था ये जो कार्यवाही की गई थी ये भ्रष्टाचार निवारण के तहत की गई थी जिससे पूरे पुलिस विभाग में हड़कम मच गया था
क्या है पूरा मामला और क्यों मांगी गई रिश्वत?
अभी तक जो जानकारी मिली है उसके अनुसार, बता दे आरोपी ASI खरगोन जिले के एक स्थानीय थाने में पदस्थ था शिकायतकर्ता ने लोकायुक्त में शिकायत दर्ज करवाई थी कि पुराने मामले में मदद करने ओर केस को रफ़ा दफा करने के बदले में ASI द्वारा पैसे देने की मांग की थी पहले तो यह मामला बातचीत तक सीमित था लेकिन बाद में 7 हजार रुपए तय हुआ था शिकायतकर्ता ने बताया कि में भ्रष्टाचार के सख्त खिलाफ हूं इसीलिए वो लोकायुक्त पुलिस इंदौर की शरण ली थी
लोकायुक्त पुलिस ने ऐसे बिछाया जाल
शिकायत के तुरंत बाद फैसला लेते हुए इस मामले पर कार्यवाही करते हुए एक विशेष टीम का गठन किया था पुलिस ने योजना बनाई थी योजना के अंतर्गत पुलिस ने शिकायतकर्ता को केमिकल लगे हुए नोट दे कर भेजा था.. जैसे ही शिकायकर्ता ने ASI के पास पहुंचा ओर नोट दिए तो तो पुलिस की नजर उस पर ही थी ओर वही उसे पकड़ लिया गया जब बाद में ASI के हाथ धुलवाए गए तो पानी का रंग गुलाबी हो गया जो रिश्वत लेने का पुख्ता सबूत है
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आरोपी ASI पर की गई कानूनी कार्रवाई
गिरफ्तारी के तुरंत बाद ही लोकायुक्त टीम ने मौके पर ही पंचनामा तैयार कर दिया था और आरोपी के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया था टीम अभी यह भी जांच कर रही है कि इस मामले में विभाग के अन्य लोग भी शामिल थे या ASI अकेले ही शामिल था
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मध्यप्रदेश में भ्रष्टाचार के खिलाफ लोकायुक्त की हालिया कार्रवाई
हाल ही में पिछले कुछ महीनों में लोकायुक्त पुलिस ( lokayukta police MP) ने भ्रष्टाचार के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई है इंदौर और उज्जैन संभाग में लगातार ऐसी कार्यवाहियों देखने को मिली है इससे पहले भी धारा और बड़वानी जिलों में राजस्व विभाग ओर पुलिस विभाग के कई अधिकारियों को रिश्वत लेते दबोचा हैं सरकार की कोशिश है कि सरकारी दफ्तरों में आम आदमी को अपना काम कराने के लिए किसी भी तरह की रिश्वत ना देनी पड़े खरगोन की हाल ही की ताजा खबर भ्रष्ट अधिकारियों के लिए एक बड़ा सबक है कि कानून की नजर से बचान नामुमकिन है
रिश्वत की शिकायत कहाँ और कैसे करें?।
अगर आपसे भी कोई सरकारी कर्मचारी या अधिकारी किसी काम के बदले रिश्वत (Bribe) की मांग करता है, तो आप चुप न रहें। आप इसकी शिकायत सीधे लोकायुक्त कार्यालय में कर सकते हैं:
लोकायुक्त हेल्पलाइन: आप मध्यप्रदेश लोकायुक्त की आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर ऑनलाइन शिकायत दर्ज करा सकते हैं।
हेल्पलाइन नंबर: लोकायुक्त कार्यालय के टोल-फ्री नंबर या संबंधित संभाग के एसपी (SP) कार्यालय में लिखित शिकायत दी जा सकती है।
सावधानी: शिकायत करते समय आपके पास ठोस सबूत या गवाह होने पर कार्रवाई और भी आसान हो जाती है। आपकी पहचान गुप्त रखी जाती है ताकि आपको भविष्य में कोई परेशानी न हो।
लोकायुक्त हेल्पलाइन: आप मध्यप्रदेश लोकायुक्त की आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर ऑनलाइन शिकायत दर्ज करा सकते हैं।
हेल्पलाइन नंबर: लोकायुक्त कार्यालय के टोल-फ्री नंबर या संबंधित संभाग के एसपी (SP) कार्यालय में लिखित शिकायत दी जा सकती है।
सावधानी: शिकायत करते समय आपके पास ठोस सबूत या गवाह होने पर कार्रवाई और भी आसान हो जाती है। आपकी पहचान गुप्त रखी जाती है ताकि आपको भविष्य में कोई परेशानी न हो।
निष्कर्ष: भ्रष्टाचार के खिलाफ जीरो टॉलरेंस
मध्यप्रदेश सरकार ओर प्रशासन लगातार भ्रष्टाचार के खिलाफ सख्त रुख अपना रखा है खरगोन की ये कारवाही दर्शाती हैं कि कानून से ऊपर कोई नहीं है आम नागरिकों को भी चाहिए़ यदि कोई सरकारी कर्मचारी रिश्वत की मांग करता है तो वे डरे नहीं ओर तुरंत लोकायुक्त या संबंधित विभाग में इसकी शिकायत दर्ज कराए

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